Tabaahi

Song

Tabaahi

Lyrics

तबाही, तबाही तोड़ो सारे उसूलों को छोड़ो, जाने दो भूलों को तू हो बाँहों में और हर जगह तबाही तबाही, तबाही, तबाही, तबाही, तबाही तबाही, तबाही, तबाही, तबाही, तबाही ये लहर, ये हवा कब चली पूछ के? रूह पे क्यूँ भला हों कोई बंदिशें? दुनिया के दस्तूर से आज ले रिहाई तबाही, तबाही, तबाही, तबाही, तबाही तबाही, तबाही, तबाही, तबाही, तबाही तू मुझे छील दे साँस की आग से हर धड़क पे दोनों हों फ़ना राख से हर ग़लत-सही रेत पे लिखी गवाही तबाही, तबाही, तबाही, तबाही, तबाही तबाही, तबाही, तबाही, तबाही, तबाही (तबाही) (तबाही, तबाही) (तबाही, तबाही)

Lyrics provided by LRCLIB.

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